*ऋषिका जैन*
भारतीय राजनीति में एक ऐसा नाम जो दशकों से सुर्खियों में रहा है, वह है लालकृष्ण आडवाणी। भाजपा नेता लालकृष्ण आडवाणी को 96 साल की उम्र में भारत रत्न से सम्मानित किया जाएगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया X(twitter) के माध्यम से इसकी जानकारी दी। भारत में अब तक 49 लोगो को भारत रत्न दिया जा चुका है।
जीवन रहस्य
आडवाणी जी का जन्म 8 नवंबर, 1927 को कराची में हुआ था। उनके परिवार में राजनीति का माहौल था, जिसने उन्हें बचपन से ही राजनीति की दुनिया में रुचि लेने के लिए प्रेरित किया।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ और भारतीय जनता पार्टी
1951 में उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) में शामिल होकर राजनीति की ओर कदम बढ़ाया। उनका योगदान भारतीय जनता पार्टी (BJP) के संस्थापकों में से एक के रूप में है।
अयोध्या आंदोलन
आडवाणी जी ने 1990 में आयोध्या आंदोलन का प्रमुख नेतृत्व किया, जिसमें उन्होंने बबरी मस्जिद के स्थान पर भव्य राम मंदिर की मांग की। यह आंदोलन ने उन्हें राजनीति के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण स्थान पर लेकर गया।



आडवाणी 1970 से 1972 तक जनसंघ की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष रहे। 1973 से 1977 तक जनसंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष रहे।
- 1970 से 1989 तक वे चार बार राज्यसभा के सदस्य रहे। इस बीच 1977 में वे जनता पार्टी के महासचिव भी रहे।
- 1977 से 1979 तक वे केंद्र में मोरारजी देसाई की अगुआई में बनी जनता पार्टी की सरकार में सूचना एवं प्रसारण मंत्री रहे।
2015 में आडवाणी को पद्म विभूषण दिया गया।
इससे पहले 2015 में आडवाणी को देश के दूसरे सबसे नागरिक सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था।
प्रधानमंत्री की कड़ी मेहनत
आडवाणी जी ने भारतीय राजनीति में लंबे समय तक सेवा की, उनके योगदान ने उन्हें देशवासियों के बीच एक प्रमुख नेता बना दिया। उनकी प्रधानमंत्री पद के लिए लगातार प्रयासों ने देश को आत्मविश्वास में वृद्धि की।
लालकृष्ण आडवाणी, एक सजीव राजनीतिक के रूप में, ने भारतीय राजनीति को नए मोड़ पर ले जाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। उनकी नेतृत्व में कड़ी मेहनत और सेवा ने देश को यादगार बना दिया है। यही कड़ी मेहनत और देश की सेवा करने के फलस्वरूप उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया जाएगा।
मोदी ने सोशल मीडिया पर आडवाणी के साथ अपनी 2 तस्वीरें शेयर कीं और बधाई दी। उन्होंने लिखा- मुझे यह बताते हुए बहुत खुशी हो रही है कि लालकृष्ण आडवाणी को भारत रत्न से सम्मानित किया जाएगा। पीएम ने ट्विटर पर पोस्ट करते हुए लिखा की , ‘वे हमारे समय के सबसे सम्मानित स्टेट्समैन हैं। देश के विकास के लिए उनका योगदान कोई भूल नहीं सकता। उन्होंने जमीनी स्तर से काम शुरू किया था और वे देश के उपप्रधानमंत्री पद तक पहुंचे। वे देश के गृहमंत्री और सूचना-प्रसारण मंत्री भी रहे। उनकी संसदीय कार्यशैली हमेशा अनुकरणीय रहेगी।उन्होंने राजनीतिक नैतिकता में एक अनुकरणीय मानक स्थापित किया है। उन्होंने राष्ट्रीय एकता और सांस्कृतिक पुनरुत्थान को आगे बढ़ाने की दिशा में अभूतपूर्व प्रयास किए हैं। उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया जाना मेरे लिए बहुत भावुक क्षण है। मैं इसे हमेशा अपना सौभाग्य मानूंगा कि मुझे उनके साथ बातचीत करने और उनसे सीखने के अनगिनत मौके मिले।’
Narendra Modi @narendramodi
मुझे यह बताते हुए बहुत खुशी हो रही है कि श्री लालकृष्ण आडवाणी जी को भारत रत्न से सम्मानित किया जाएगा। मैंने भी उनसे बात की और इस सम्मान से सम्मानित होने पर उन्हें बधाई दी।

