ललितपुर।के वी विद्या मंदिर जूनियर हाई स्कूल चौका बाग ललितपुर मैं आज बच्चों को रिजल्ट, रिपोर्ट कार्ड ,एवं प्रमाण पत्र व स्मृति

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ललितपुर।चिन्ह वितरित किए गए इस अवसर पर शहर कोतवाल श्री रमेश चंद्र मिश्रा, श्री अशोक यादव एस आई,श्री अनुराग शर्मा एस आई ,श्री अशोक साहू पूर्व अध्यक्ष भाजपा, नवल सोनी अध्यक्ष विश्व हिंदू परिषद,श्री बृजेंद्र सिंह गौड़ जिला सहसंयोजक धर्म जागरण मंच, श्री रामेश्वर मालवीय जिला मंत्री विश्व हिंदू परिषद ,श्री प्रकाश चंद साहू राहुल एडवोकेट ,श्री रमेश राठौर एडवोकेट, श्री दिनेश साहू एडवोकेट अध्यक्ष जिला प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन, श्री आनंद यादव भूरे पार्षद , राजेश साहू नेताजी प्रबंधक एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष ,डॉ ऋषि साहू डायरेक्टर, श्रीमती समीम बेगम प्रधानाचार्या ,श्रीमती जागृति नामदेव उप प्रधानाचार्या ,हरिशंकर साहू बाबूजी, प्रदीप गोस्वामी , साहिबा ,वसुंधरा नायक ,हेमा , रामदेवी राजपूत, रजनी ,श्रीमती रजनी साहू, श्रीमती पार्वती साहू, श्रीमती वर्षा यादव ,श्रीमती राजकुमारी यादव ,रिंकी ,झा, श्रीमती नीलम ठाकुर ,श्रीमती कमला झा ,श्रीमती कोमल श्रीवास्तव, प्रियंका ,मनोहर निरंजन ,धर्मेंद्र पटेल ,रामदेवी कुशवाहा, सरोज सेन , राखी रजक ,आदि अनेक टीचर एवं अभिभावक गण उपस्थित थे कार्यक्रम के प्रारंभ में मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण  , दीप प्रज्वलन किया गया एवं स्वागत गीत वंदना प्रस्तुत की गई प्रत्येक कक्षा के प्रथम से पंचम स्थान पाने वाले बच्चों को स्मृति चिन्ह एवं प्रमाण पत्र अतिथियों ने देकर उनका प्रोत्साहन किया अंत में प्रबंधक राजेश साहू नेताजी ने सभी का आभार व्यक्त किया

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Hi

*कुंभकरण की नींद बड़ी या जल संसाधन विभाग की लापरवाही और हठ* *पर्वत सिंह राजपूत* रायसेन/वर्तमान समय में गेहूं की फसल के लिए खेत खाली हैं और गेहूं बुबाई हेतु खेतों की जुताई चालू है परंतु जो किसान डैम और नहरों पर निर्भर हैं उनके सामने गेहूं की फसल बोने की समस्या उत्पन्न होने वाली है क्योंकि डैमो से निकलने वाली नहर से खेतों तक पानी पहुंचता है वो नहरें जर्जर अवस्था में पड़ी है ! जबकि इस मामले में पिछले कई महीनो में कई बार रायसेन कलेक्टर अरुण कुमार विश्वकर्मा जी ने भी विभाग को निर्देशित किया था कि किसानों को पर्याप्त पानी मिले इसके लिए पर्याप्त व्यवस्थाएं की जाए परंतु लगता है जल संसाधन विभाग कलेक्टर से बड़ा हो गया है क्योंकि अभी तक नहरों की साफ सफाई नहीं हुई है जिससे कि किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाया जा सके। चाहे वह अमरावद डैम हो चाहे बनछोड़ डैम हो चाहे सोडारा डैम हो सभी डेमो के नहरों की हालत खराब है! एक दो जगह देखने में आया है नहरों मे साफ सफाई कराई जा रही है जबकि कई नहरे और उनके ऊपर अंडर पास ऐसे हैं जो टूटे हुए हैं और उनसे पानी लीकेज हो रहा है जबकि 1 नवंबर तक डैम के द्वारा नहरों को दुरुस्त करके पानी की सप्लाई शुरू हो जानी चाहिए थी लेकिन जल संसाधन विभाग की लापरवाही की वजह से अभी तक नहरों में पानी सप्लाई नहीं हो सका है। ना तो इसकी जिम्मेदारी संबंधित एसडीओ लेने को तैयार है और ना ही जल संसाधन अधिकारी।जब जिला मुख्यालय पर जल संसाधन विभाग के अधिकारियों की ऐसी उदासीनता देखने को मिल रही है और नहरों के यह हाल है तो सोच सकते हैं कि पूरे जिले की स्थिति क्या होगी। जबकि नहरों की शिकायतों हेतु विभाग से लेकर कलेक्टर तक किसानों ने शिकायत की है और कई जगह 181 पर शिकायत की गई है! परंतु मजबूर और परेशान किसानों की सुनने वाला शायद कोई नहीं।

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